बिहार में कोरोना संकट के बीच एंबुलेंस-पॉलिटिक्स, BJP सांसद के ऊपर पप्पू यादव ने उठाया सवाल

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Central Desk

बिहार में कोरोना संकट के बीच छपरा में एंबुलेंस के यूं ही पड़े रहने को लेकर मचा सियासी बवाल. छपरा के अमनौर में सामुदायिक अस्पताल में खड़ी 30 एंबुलेंस को लेकर जाप नेता पप्पू यादव ने उठाया सवाल, तो भाजपा सांसद राजीव प्रताप रूड़ी ने किया पलटवार.

बिहार में कोरोना संकट के बीच राजनीति भी जारी है. सारण के सांसद राजीव प्रताप रूडी के संसदीय कोष से खरीदे गए एंबुलेंस को लेकर जन अधिकार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष पप्पू यादव ने सवाल खड़े किए तो सारण की राजनीति में अचानक बवाल मच गया. सीवान जाने के क्रम में अमनौर पहुंचे पप्पू यादव ने विश्वप्रभा सामुदायिक अस्पताल में खड़े 30 एंबुलेंस को देखकर सिस्टम पर सवाल खड़े किए. पप्पू यादव ने कहा कि एक तरफ एंबुलेंस की कमी से मरीज मर रहे हैं, वहीं सांसद का एंबुलेंस यहां उनके घर के आंगन का शोभा बढ़ा रहा है. यादव के सवाल पर बीजेपी सांसद ने तत्काल पलटवार किया और कहा कि पप्पू यादव ड्राइवर दें, वे एंबुलेंस देने को तैयार हैं. इस पर पप्पू यादव ने ट्वीट कर कहा कि वे ड्राइवर देने को तैयार हैं.

जाप संरक्षक पप्पू यादव ने छपरा में एंबुलेंस के यूं ही पड़े रहने को लापरवाही बताते हुए इसके लिए जिले के सिविल सर्जन समेत तमाम राजनेताओं को दोषी ठहराया. साथ ही उन पर कानूनी कार्रवाई करने की मांग की. पप्पू यादव ने सामुदायिक अस्पताल में रखे सभी एंबुलेंस के कवर हटाते हुए इसे बड़ी खामी बताया. उन्होंने ट्वीट कर कहा, ‘रूडी जी केंद्र में कौशल विकास मंत्री थे तो 17 Oct 2016 को छपरा में केंद्रीय मंत्री गडकरी जी और बीजेपी नेता सुशील मोदी से PMकौशल विकास योजना के तहत चालक प्रशिक्षण संस्था का उदघाटन करवाया था. 5साल में 70 ड्राइवर भी नहीं वहां ट्रेंड हुए जो एम्बुलेंस चला सकें. पर हम आज देंगे ड्राइवर!’ आपको बता दें कि कोरोना मरीजों की मदद के लिए इन दिनों पप्पू यादव हर जगह पहुंच रहे हैं. राजधानी पटना में भी वे कोरोना मरीजों को जीवन रक्षक दवाएं, ऑक्सीजन और अन्य तरह की मदद पहुंचा रहे हैं.

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